पीयूष द्विवेदी

कोरोना काल में भी राष्ट्र सेवा की अपनी परंपरा को लेकर आगे बढ़ता संघ

देखा जाए तो संघ का ये इतिहास ही रहा है कि देश पर जब भी कोई बड़ी आपदा आई है, संघ के स्वयंसेवक उससे निपटने के लिए कृतसंकल्पित भाव से जुट गए हैं। फिर चाहें वो स्वतंत्रता के पश्चात् पाकिस्तान में हुए दमन से पलायन कर भारत आने वाले हिन्दुओं को आश्रय-भोजन देना हो या फिर 1962 और 1965 के युद्धों में प्रशासन के साथ मिलकर सैनिकों के लिए रसद आदि

कोरोना संकट के इस कठिन काल से और मजबूत होकर निकलेगा भारत!

एक तरफ जहां पड़ोसी चीन इस आपदा का व्यापारिक उद्देश्यों की पूर्ति हेतु अनुचित इस्तेमाल करने से नहीं चूक रहा, दूसरी तरफ भारत ने कोरोना से लड़ाई में केवल अपनी रक्षा ही नहीं की है, अपितु विश्व के अन्य देशों को भी सहयोग दिया है।

‘चार महीने में नहीं सुधरा तो ब्लैकलिस्ट होगा पाकिस्तान’

सरहद पर भारतीय जवानों द्वारा जहां पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब दिया जा रहा है, वहीं वैश्विक मंचों पर भारतीय कूटनीति ने उसकी हालत खराब कर रखी है। गौरतलब है कि जून, 2018 में फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) द्वारा पाकिस्तान को आतंकवाद के वित्तपोषण के लिए ग्रे सूची में डाला गया था। इसके बाद से अक्टूबर 2018 और फरवरी 2019 में हुए रिव्यू में भी पाक को राहत नहीं मिली थी।

प्रक्रिया में बदलाव से सुपात्र नागरिकों तक पहुँच रहे पद्म सम्मान

वर्ष 2014 के बाद से बीते तीन-चार वर्षों में पद्म सम्मानों के क्षेत्र में एक अभूतपूर्व और सकारात्मक परिवर्तन नजर आया है। इस दौरान ऐसे नामों की घोषणा देखने को मिली है, जो बिना किसी संपत्ति या सम्मान की लालसा के लम्बे समय से अपने-अपने क्षेत्र में उत्तम कार्य कर रहे।

मोदी के सवालों पर कांग्रेस की खामोशी उसके राजनीतिक पाखण्ड की ही कलई खोलती है

अभी देश में नागरिकता संशोधन क़ानून को लेकर सरगर्मी है। इस क़ानून पर चल रहे हिंसक विरोध प्रदर्शन से इतर कांग्रेस आदि विपक्षी दलों का रवैया भी चिंतित करने वाला है। ऐसे में कल प्रधानमंत्री मोदी ने झारखंड के बरहेट में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस से कई सवाल पूछे

देशहित में जरूरी है एनआरसी का पूरे देश में लागू होना

बीते 20 नवम्बर को केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने राज्यसभा में एनआरसी पर एक सवाल का जवाब देते हुए कहा कि एनआरसी के द्वारा नागरिकता की पहचान सुनिश्चित की जाएगी और इसे पूरे देश में लागू किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी धर्म विशेष के लोगों को इसके कारण डरने की जरूरत नहीं है।

राम जन्मभूमि फैसला : सामाजिक सद्भाव को बढ़ाने वाला समाधान

9 नवंबर, 2019 की तारीख भारतीय इतिहास में सामाजिक सद्भाव को बढ़ाने वाले एक ऐतिहासिक दिन के रूप में दर्ज हो चुकी है। इस दिन एक तरफ माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने लम्बे समय से चले आ रहे रामजन्मभूमि विवाद पर निर्णय देकर उसका समाधान किया तो वहीं दूसरी तरफ भारत-पाकिस्तान के बीच सिख समुदाय की आस्था से जुड़े करतारपुर कॉरिडोर की शुरुआत हुई।  

आदि से अंत तक प्रकृति-प्रेम की भावना से पुष्ट लोकपर्व है छठ

भारत पर्वों का देश है। यहाँ एक पर्व बीतता नहीं कि अगला हाजिर हो जाता है। भारतीय पर्वों की सबसे बड़ी विशेषता यह होती है कि वे किसी न किसी आस्था से प्रेरित होते हैं। अधिकाधिक पर्व अपने साथ किसी न किसी व्रत अथवा पूजा का संयोजन किए हुए हैं। ऐसे ही पर्वों की कड़ी में पूर्वी भारत में सुप्रसिद्ध छठ पूजा का नाम भी प्रमुख रूप से आता है।

जिम्मेदार विपक्ष की तरह व्यवहार करना कब सीखेगी कांग्रेस?

नोटबंदी 2016 में हुई थी और जीएसटी 2017 में पारित हुआ। इन दोनों निर्णयों के बाद हुए ज्यादातर राज्यों के चुनावों सहित इस वर्ष हुए लोकसभा चुनाव में भी कांग्रेस खासकर उसके युवराज राहुल गांधी ने इसे खूब मुद्दा बनाया। राफेल का राग भी गाया गया। लेकिन इन मुद्दों का कोई असर नहीं रहा और अधिकांश चुनावों में भाजपा को विजय प्राप्त हुई। लोकसभा चुनाव में तो पार्टी ने

वो पांच बातें जो बताती हैं कि नरेंद्र मोदी क्यों हैं देश के सबसे लोकप्रिय नेता

आज देश के लोकप्रिय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन है। मोदी के प्रधानमंत्रित्व ने चार वर्षों से अधिक का समय पूरा कर लिया है और अब अगले लोकसभा चुनाव की दुन्दुभी भी सुनाई देने लगी है। एक कार्यकाल पूरा करने के बाद प्रायः नेताओं की लोकप्रियता में कमोबेश गिरावट आ ही जाती है, लेकिन नरेंद्र मोदी इस मामले में अबतक अपवाद साबित होते नजर आ रहे हैं।