प्रणय कुमार

प्रधानमंत्री मोदी की बांग्लादेश यात्रा को चुनाव से जोड़ना अनुचित परिपाटी

यदि प्रधानमंत्री इस बांग्लादेश दौरे के दौरान भारतीय दृष्टिकोण से महत्त्वपूर्ण किसी धार्मिक केंद्र या श्रद्धास्थल पर गए हैं तो ऐसा पहली बार तो नहीं हुआ है? क्या वे 2015 में ढाकेश्वरी देवी के मंदिर नहीं गए थे? तब तो कोई चुनाव नहीं था?

विद्या भारती के विद्यालयों की तुलना पाकिस्तानी मदरसों से कर राहुल गांधी ने कांग्रेस का वैचारिक स्तर ही दिखाया है

सत्ता के लिए समाज में विभाजन की ऐसी गहरी लकीर खींचना स्वस्थ एवं दूरदर्शिता पूर्ण राजनीति नहीं है। राहुल गांधी यह सब जिस भी रणनीति के अंतर्गत कर रहे हों, पर यह रणनीति देश की छवि को दाँव पर लगाने वाली है।

भारत की सहज-सनातन सांस्कृतिक धारा को समझे बिना संघ को समझना कठिन

संघ ने सेवा-साधना-संघर्ष-साहस-संकल्प के बल पर यह भरोसा और सम्मान अर्जित किया है। उसके बढ़ते प्रभाव से कुढ़ने-चिढ़ने की बजाय कांग्रेस-नेतृत्व एवं संघ के तमाम विरोधियों को ईमानदार आत्ममूल्यांकन करना चाहिए

छत्रपति शिवाजी : समय एवं समाज की चेतना को झंकृत करने वाले नायक

शिवाजी महाराज केवल एक व्यक्ति नहीं थे, वे एक सोच थे, संस्कार थे, संस्कृति थे,   पथ-प्रदर्शक,  क्रांतिकारी मशाल थे, युगप्रवर्तक शिल्पकार थे।

गणतंत्र दिवस के दिन संविधान की धज्जियाँ उड़ाने वाले किसान नहीं हो सकते!

गणतंत्र-दिवस के दिन संविधान की धज्जियाँ उड़ाने वाले किसान कैसे हो सकते हैं! सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुँचाने वाले कतई किसान नहीं!

जयंती विशेष : साहस, स्वाभिमान एवं स्वानुशासन के जीवंत प्रतीक थे नेताजी सुभाष चंद्र बोस

सुभाष चंद्र बोस द्वारा दिए गए नारे ‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आज़ादी दूँगा’, ‘दिल्ली चलो’ या ‘जय हिंद’ – प्रमाणित करते हैं कि वे युवाओं के मन और मिज़ाज की कितनी गहरी समझ रखते थे!

स्वामी विवेकानंद : भारत का भारत से साक्षात्कार कराने वाले युगद्रष्टा संत

आदि शंकराचार्य ने संपूर्ण भारतवर्ष को सांस्कृतिक एकता के मज़बूत सूत्र में पिरोया, वहीं स्वामी विवेकानंद ने आधुनिक भारत को उसके स्वत्व एवं गौरव का बोध कराया।

योगी आदित्यनाथ : कोविड काल में सुशासन का आदर्श स्थापित करने वाले मुख्यमंत्री

नीतियों, निर्णयों, कार्यों और उनके बेहतर परिणामों के आधार पर योगी आदित्यनाथ को वर्ष 2020 का सर्वश्रेष्ठ मुख्यमंत्री कहा जाए तो शायद गलत नहीं होगा।

भारत और भारतवासियों की अपराजेय दृढ़ता, जीवटता एवं संघर्षशीलता का साल रहा 2020

सीमित पूँजी-संसाधनों वाले अंतर्बाह्य चुनौतियों से घिरे देश- भारत का कोविड से दृढ़ता एवं सफलता से लड़ना अद्भुत, असाधारण, अभूतपूर्व एवं ऐतिहासिक है। 

भारत को भारत की दृष्टि से देखने-समझने और समझाने वाले अनूठे राजनेता थे अटल जी

अटल जी सही मायनों में आधुनिक भारत के शिल्पी थे। उन्होंने अपने कार्यकाल में भारतवर्ष के विकास की आधारशिला रखी और आर्थिक उन्नति की सुदृढ़ नींव खड़ी की।