केंद्र सरकार

अनुच्छेद-370 हटने के बाद तेजी से बदल रहा जम्मू-कश्मीर, आतंकी घटनाओं में आई कमी

अनुच्छेद-370 हटने के बाद जो अनेक सकारात्मक संकेत हमें देखने को मिल रहे हैं, यही जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के विकास को सुनिश्चित करेंगे।

कृषि कानून की प्रतियां फाड़कर किसान आंदोलन को भुनाने की व्‍यर्थ कोशिश करते केजरीवाल

केजरीवाल को यदि वास्‍तव में अवाम की चिंता होती तो वे सबसे पहले इस कथित आंदोलन को खत्‍म कराने की पहल करते ना कि यहां अपनी नफरत की राजनीति का अवसर तलाशते।

किसान आंदोलन के नामपर अराजकता का प्रदर्शन

इन दिनों देश में तथाकथित किसान आंदोलन चल रहा है। तथाकथित इसलिए क्‍योंकि इसे किसान आंदोलन तो कहा जा रहा है लेकिन यह हंगामा कहीं से आंदोलन नहीं प्रतीत होता है।

कोरोना से लड़ाई में अव्वल रहे यूपी-बिहार और गुजरात, महाराष्ट्र और केरल साबित हुए फिसड्डी

बिहार, उत्तर प्रदेश, गुजरात आदि राज्यों ने कोरोना वायरस के विरुद्ध जंग में देश में क्रमशः पहला, दूसरा और तीसरा स्थान प्राप्त किया।

अमित शाह के बंगाल दौरे के निहितार्थ

पिछले अनेक चुनावों में हमने देखा है कि अमित शाह ने जब भी कोई चुनावी लक्ष्य तय किया है, तो अधिकांश बार वे कामयाब रहे हैं। अबकी बंगाल की बारी है।

पारित हुए कृषि सुधार विधेयक, किसानों के जीवन में आएगा नया सवेरा

कुल मिलाकर घोषणा के स्तर पर ये विधेयक निःसंदेह आश्वस्तकारी हैं, उम्मीद है धरातल पर भी ये परिणामदायी साबित होंगें और किसानों के जीवन में नया सवेरा लाएंगे।

राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी : सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया में ऐतिहासिक सुधार लाने वाला कदम

राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के गठन का निर्णय मोदी सरकार द्वारा लिए गए अनेक विकास संबंधी निर्णयों की ही एक कड़ी है, जिससे बिना भेदभाव के शहरी व ग्रामीण युवाओं को रोजगार पाने के सुगम अवसर उपलब्ध होंगे।

कोरोना संकट में श्रमिकों पर राजनीति कर विपक्षी दलों ने अपना असल चरित्र दिखा दिया

अंध-विरोध को ही अपनी राजनीति का मूल बना चुके विपक्षी दलों का रुख इस दौर में उत्तरदायित्वशून्य और निराशाजनक रहा है।

कोरोना काल में तो कम से कम अपनी नफरत की राजनीति छोड़ें ममता बनर्जी

पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी की सरकार एकमात्र ऐसी सरकार है, जिसने कोरोना काल में अपनी राजनीति को सर्वोपरि रखा और जनता को उसके हाल पर छोड़ दिया।

केंद्र सरकार द्वारा जारी अध्याधेश से सहकारी बैंकों में होगा भारी सुधार

इस अध्यादेश का उद्देश्य बेहतर गवर्नेंस और निगरानी सुनिश्चित करके जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा करना है। अध्यादेश के अन्य दूरगामी उद्देश्य भी है।