सतीश सिंह

वैश्विक मुश्किलों के बावजूद आर्थिक मोर्चे पर मजबूती से बढ़ रहा भारत

कृषि, औद्योगिक और सेवा क्षेत्र के बेहतर प्रदर्शन की निरंतरता से भी सुधार को बल मिल रहा है और अर्थव्यवस्था में मजबूती बने रहने की संभावना लगातार बरक़रार है। 

चुनौतियों के बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था में मजबूती बरकरार

सरकारी व्यय में वृद्धि, राजस्व संग्रह व जीएसटी संग्रह में तेजी आदि से साफ पता चलता है कि अर्थव्यवस्था मजबूती की दिशा में तेजी से अग्रसर है।

विकास को गति देने वाली मौद्रिक समीक्षा

यह 10वीं मौद्रिक समीक्षा है, जब रेपो दर को 4.0 प्रतिशत पर और रिवर्स रेपो दर को 3.35 प्रतिशत पर यथावत रखा गया है।

ग्रामीण विकास को गति देने वाला बजट

वित्त वर्ष 2022-23 के बजट के प्रावधानों के तहत भारतीय रेलवे छोटे किसानों और मीडियम इंटरप्राइजेज़ को माल ढुलाई की सेवा देने के लिए नये उत्पादों और ढुलाई सेवा का विकास करेगा

बजट प्रावधानों से बैंकिंग क्षेत्र को मिलेगी मजबूती

बजट प्रावधानों से बैंकों के ऋण वृद्धि दर में इजाफा होने और एनपीए के स्तर में कमी आने की संभावना है साथ ही साथ इससे आगामी महीनों में बैंकों के मुनाफे में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।

वैश्विक स्तर पर मजबूत होती भारतीय अर्थव्यवस्था

कोरोना महामारी की वजह से अनेक देशों की अर्थव्यवस्था तहस-नहस हो गई है, लेकिन भारत में सरकार की समीचीन नीतियों और आमजन में बढ़ती जागरूकता की वजह से भारतीय अर्थव्यवस्था तेज गति से आगे बढ़ रही है।

मोदी सरकार की नीतियों से चमकीली होती भारत की जीडीपी

जीडीपी, अर्थव्यवस्था के स्वास्थ्य को मापने का पैमाना है। इसके तहत देश के भीतर एक  निश्चित अवधि के दौरान सभी वस्तु एवं सेवा का क्या मूल्य रहा था, इसका पता लगाया जाता है।

अर्थव्यवस्था को गति देने वाली मौद्रिक समीक्षा

रिजर्व बैंक ने अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाले निर्णय मौद्रिक समीक्षा में लिए हैं, जिसका फायदा निश्चित रूप से अर्थव्यवस्था और आम आदमी को मिलेगा।   

जीएसटी संग्रह में लगातार वृद्धि के निहितार्थ

जीएसटी संग्रहण में सीजीएसटी का हिस्सा 23,978 करोड़ रुपए रहा, आईजीएसटी का हिस्सा 66,815 करोड़ रूपये और राज्यों का हिस्सा यानी एसजीएसटी 31,127 करोड़ रुपए रहा।

अर्थव्यवस्था के लिए लाभकारी है बैंकों का निजीकरण

केंद्र सरकार संसद के इस शीतकालीन सत्र में निजीकरण से जुड़े विधेयक को पारित कर सकती है। इस सत्र में सरकार ने कुल 26 विधेयकों को संसद में पारित करने..